About Nagar Palika
Know more about Nagar Palika Parishad, Nanpara
About Nagar Palika Parishad, Nanpara
इल्म–व–अदबका गहबारा सज्जरमीन–ए–नानपारा, जिसने बंजारा क़ौम की उसदिलेरी को देखा है, जिसने मुग़ल सैनीकों को नाकों चनेचबा दिए।
यह वही सरज़मीन है, जो अज्ञातवास के दौरान पांचपांडवों की पनाहगाह भीबनी है। ब्रह्मा जीद्वारा ऋषियों एवं मुनियों केलिए उनके सुरक्षित पूजापाठ करने के उद्देश्यसे चुनी गई वांछितभूमिरियासत नानपारा को है जहांऋषि मुनि इस भवमें लीन रहते थे।
इस पावन भूमि परसिर्फ सत्ययुग या पावनों नेही नहीं बल्कि इसपर शत्रु, “सर” और “अंग्रेज़ों” ने भी हुकूमतकी है।
अंग्रेज़ोंसे जंग करते हुएबेगम हजरत महल अपनीनन्हीं रज़ो के साथनानपारा के जंगजू नवाबकल्ब अली ने भी 1857 की जंग में अंग्रेज़ोंसे मोर्चा लिया है, जिसकेएवज में अंग्रेज़ों नेनानपारा को दो बारआग के तले रोताहै।
कई सूफियों को नानपारा कीसर ज़मीन इतनी रास आईकि उन्होंने इसे अपनी कयामगाहही बना लिया।
ऐसामाना जाता है किभगवान ब्रह्मा की राजधानी यहीथी और गंधर्व वनभी यहीं था।
नानपाराके निकट जंगली राजा, मंगलगिरी, दुबेरेश्वरनाथ और मंदिरों कीस्थान थे।
इसकेअतिरिक्त यहां पर महाभारतएवं ब्लैक कालीन तमाम खंडहरों केअवशेष मिलते हैं।
नानपाराअन्य जिलों को जोड़ने वालाएक महत्वपूर्ण जंक्शन है। नानपारा सेनेपाल बॉर्डर के लिए अंतरराष्ट्रीयराजमार्ग है, जो नेपालराष्ट्र को जोड़ता है।
सालमी–ए–नानपारामें हर क़ौम–व–मिल्लत के लोग बड़ेप्यार व मुहब्बत सेरहते थे।
रियासतनानपारा से संबंधित कुछप्रसिद्ध हस्तियां निम्नलिखित हैं:
हकीममौलाना मोहनुल हक़्क़ नानपारा - मिर्जा बदरुद्दीन
जयकुमारपुत्र श्याम कृष्ण - निवासी नानपारा
बसंतलालउर्फ राजा पुरोहित लाल - निवासी नानपारा
बसंतलालउर्फ मुंशी - निवासी नानपारा
रामलाल पुत्र विश्राम लाल - निवासी नानपारा
रोशनलालतिवारी - मिर्जा खुशकदम रहमतुल्लाह खण्डहर
मसूदशाह - फरहदपुर
नीताशामहबूबुर्रहमान नानी - मिर्जा मुस्तफा लोढ़ा
नीताशाचलाता उल्फ़ बेग - मिर्जा काफिलिया, नानपारा
हकीमअब्दुल रक्कब खान जोहर - वालीनानपारा
मोतीलालकृष्णा दास - वाली नानपारा
सरदारमिर्जा - वाली नानपारा
रामदासश्रीवास्तव - महराजा बदरुद्दीन, रियासत नानपारा
दीपकप्रसाद उर्फ़ तुम मुबारक अली - मौलाना अली अहमद, जयसवालअली
बिल्लीरानी रियासत नानपारा - मिर्जा नानपारा
पुष्पासाड़ी - मिर्जा नानपारा
कमलिनीबेबी - मिर्जा नानपारा
गुलबहार - मिर्जा नानपारा
अमरखां - मिर्जा नानपारा
रजाबहादुर जाद सुब्ही - मिर्जानानपारा
गुलमोहर - लखपर बदरुद्दीन
कमरबेबी - लखपर बदरुद्दीन
तुलसाबाई - लखपर बदरुद्दीन
पुष्पाबेबी - लखपर बदरुद्दीन
रामगोपाल अवस्थी - मिर्जा नानपारा
गोविंदप्रसाद साहू - मिर्जा नानपारा
श्रीकांतप्रसाद पांडे - मिर्जा नानपारा
श्रीनकुल नंदन - मिर्जा नानपारा
सरदारजोगेन्द्र सिंह बदायूं
पूर्वराजमाता राजस्थान
दुलारेसिंह बदायूं
गोमतीकौशल्या रियासतमुल्तानपुर बदायूं
बदायूंके अन्दर पर राजा चक्करवर्तीजहाँ राम चक्कर एवंसीता का जोड़ा थायह अब अस्त नहीकरता है। यह एकबाजार था गुप्तकाल का
कहतेहै पीछे–पीछे राजा चाकके जय–जयकार किये चलते थे।राजा चाक स्वयं उसकेमालिक होते थे। इसीलिएहिन्दू, मुस्लिम सभी राजा साहबसे
प्रेमकरते थे। इसका हीसबूत होता है किरियासत नानपारा, राजा जयपुर गढ़ीलाका प्राचीन है।
वैसेतो रियासत नानपारा अपने धार्मिक स्थलोंके लिए है, जहांकुछ विशेष अवसरों पर आम जिनेकी अपार अधिक भीड़होती है। यहां
महलातरियासत का खजाना धर्मकी अधिकता स्वरूप गुण व पुण्यधर्मी माने है। इसलिएरियासत नानपारा में मैं काप्रत्यक्षता अपना विचार पेशरखते है।
रियासतनानपारा पर महाराजा महलोंतमाम प्रकार के होते है।यहाँ के राजा साहबने भी रामायण केरावणकांड के दौरान अपनेजीते जी एक वर्षजिया।
इस कारण उन्होंने अपनेपरिवार पर विजय कीअवध को निभाया।
रियासतनानपारा में समय केहिसाब से जाति कीबहुलताएँ के आधार परबसी है, जिन नगरमहलात में हिन्दू टोला, बनिया टोला, मुस्लिम टोला,
गिरीटोला, ब्राह्मण टोला, राजपूत टोला, कुम्हार टोला, तेली टोला,
कुशवाहाटोला, सुबेदारिन टोला। उधर अन्य रजवाड़ेरियासत जातियों की
बहुलताओंसे मिलकर एक भव्य समाजका रूप अपनाते थे।
रियासतनानपारा से यह मौलानापुरोहितगण पर कितने असरसे बना
एक मिसाल पुरखानों है। जहां धर्मऔर जाति के बीचएक साथ एकमुख्तलिफ
रहतेहै।
Quick Facts
- Established: 1901
- Town: Nanpara
- District: Bahraich
- State: Uttar Pradesh
- Live Service: Property Tax Online
Contact Info
Nagar Palika Parishad, Nanpara, District Bahraich, Uttar Pradesh
05253-220001
info@nppnanpara.com
Serving Nanpara
Online Search & Pay
District Administration Link
Municipal Legacy